2 September 2020 : करंट अफेयर्स (Current Affairs 2020)

श्रीनगर सीआरपीएफ की पहली आईजी बनी चारू सिन्हा, पहली बार श्रीनगर सीआरपीएफ की कमान महिला अधिकारी को सौंपी गई

  • देश में पहली बार जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर सेक्टर में सीआरपीएफ की कमान महिला आईपीएस अधिकारी को सौंपी गई है।
  • चारू सिन्हा (Charu Sinha) को इंस्पेक्टर जनरल (आईजी) की पोस्ट पर तैनात किया गया है। अभी वे इसी पद पर जम्मू सीआरपीएफ में तैनात थीं।
  • चारू 1996 बैच की तेलंगाना कैडर की आईपीएस अधिकारी हैं।
  • श्रीनगर में वे आतंकियों के खिलाफ सभी ऑपरेशन की अगुआई करेंगी। साथ ही सेना की मदद भी करेंगी।
  • इससे पहले 2018 में वे बिहार सेक्टर में सीआरपीएफ आईजी रही हैं।
  • बिहार के बाद बतौर आईजी चारू का तबादला जम्मू सीआरपीएफ में कर दिया गया था।
  • श्रीनगर सेक्‍टर 2005 में शुरू हुआ। यह श्रीनगर के ब्रेन निशात में है।
  • सीआरपीएफ के मौजूदा डायरेक्टर जनरल (डीजी) एपी माहेश्वरी भी 2005 में श्रीनगर सेक्टर के आईजी रहे हैं।
  • इसमें जम्मू-कश्मीर के तीन जिले- बडगाम, गांदरबल, श्रीनगर और केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख आता है।
  • इसमें दो रेंज, 22 एग्जीक्यूटिव यूनिट और तीन महिला कंपनियां हैं।
  • इसके अलावा श्रीनगर सेक्टर का, ग्रुप सेंटर श्रीनगर पर प्रशासनिक कंट्रोल भी है।

भारतीय खगोलविदों ने ब्रह्मांड में खोजी एक और आकाशगंगा

  • भारतीय अंतरिक्ष विज्ञानियों ने ब्रह्मांड में सबसे दूर स्थित एक और स्टार गैलेक्सी (आकाशगंगा) की खोज की है।
  • यह पृथ्वी से 913 अरब प्रकाश वर्ष की दूरी पर स्थित है।
  • भारत सरकार के अंतरिक्ष विभाग ने 1 सितंबर 2020 को यह जानकारी दी।
  • एयूडीएफएस-01 (AUDFS-01) नामक इस आकाशगंगा की खोज इंटर-यूनिवर्सिटी सेंटर फॉर एस्ट्रोनॉमी एंड एस्ट्रोफिजिक्स (आइयूसीएए) पुणे के डॉ. कनक साह के नेतृत्व में खगोलविदों की एक टीम ने की।
  • इस अहम खोज के महत्व और विशिष्टता के बारे में जर्नल नेचर एस्ट्रोनॉमी में विस्तार से बताया गया है।
  • यह खोज करने वाली भारत की पहली भारत की पहली मल्टी-वेवलेंथ स्पेस ऑब्जर्वेटरी एस्ट्रोसैट को 28 सितंबर 2015 को भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (Indian Space Research Organisation-ISRO) द्वारा प्रक्षेपित किया गया था।
  • इसे ISRO के पूर्ण समर्थन के साथ आईयूसीएए के पूर्व एमेरिटस प्रोफेसर श्याम टंडन के नेतृत्व में एक टीम द्वारा विकसित किया गया था।

लेबनान के राजदूत मुस्तफा अदीब (Mustapha Adib) को लेबनान के नए प्रधानमंत्री नामित

  • जर्मनी में लेबनान के राजदूत मुस्तफा अदीब (Mustapha Adib) को लेबनान का नया प्रधानमंत्री नामित किया गया है।
  • मुस्तफा अदीब को देश के प्रमुख राजनीतिक दलों का समर्थन प्राप्त है, इसमें साद अल-हरीरी (Saad Al-Hariri) का राजनीतिक दल भी शामिल है, जो कि लेबनान का सबसे बड़ा सुन्नी राजनीतिक दल है।
  • इससे पहले लेबनान के पूर्व प्रधानमंत्री हसन दियाब ने लेबनान की राजधानी बेरुत में हुए एक शक्तिशाली विस्फोट के बाद इस्तीफा दे दिया था।
  • ज्ञात हो कि भयंकर विस्फोट के कारण लगभग 200 लोगों की मृत्यु हो गई थी और लगभग 6000 लोग घायल हुए थे।
  • लेबनानी अधिकारियों के अनुसार, बेरुत बंदरगाह के वेयरहाउस में लगभग 2750 टन अमोनियम नाइट्रेट मौजूद था जो कि विस्फोट का कारण बना।
  • लेबनान पर अंतरराष्ट्रीय ऋण का बोझ बढ़ता जा रहा है, जो कि वर्तमान में उसकी कुल जीडीपी के 170 प्रतिशत तक पहुंच गया है, जो कि संभवतः किसी देश द्वारा लिया गया सबसे अधिक अंतरराष्ट्रीय ऋण है।
  • पश्चिम एशिया में भूमध्य सागर के पूर्वी तट पर स्थित देश लेबनान की जनसंख्या लगभग 68.5 लाख है।
  • लेबनान के उत्तर और पूर्व में सीरिया तथा दक्षिण में इज़राइल स्थित है।
  • प्रथम विश्वयुद्ध के बाद यह फ्रांस का उपनिवेश बना और 1943 में फ्रांस से स्वतंत्रता प्राप्त करने के बाद लेबनान लंबे समय तक गृहयुद्ध में भी जूझता रहा है।

प्रधानमंत्री किसान संपदा योजना के तहत 27 एकीकृत कोल्ड चेन विकास परियोजनाओं को मंजूरी

  • सरकार ने प्रधान मंत्री किसान सम्पदा योजना (PMKSY) के तहत 27 एकीकृत कोल्ड चेन डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स और वैल्यू एडिशन इन्फ्रास्ट्रक्चर को मंजूरी दी है।
  • इन परियोजनाओं के तहत आंध्र प्रदेश (7), बिहार (1), गुजरात (2), हरियाणा (4), कर्नाटक (3), केरल (1), मध्य प्रदेश (1), पंजाब (1), राजस्थान (2), तमिलनाडु (4) और उत्तर प्रदेश (1) में खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्रों के लिए आधुनिक बुनियादी ढांचा और कोल्ड चेन सुविधाएं बनाई जाएंगी।
  • इन 27 नई एकीकृत कोल्ड चेन परियोजनाओं से कुल 743 करोड़ के निवेश का लाभ प्राप्त होगा।
  • ये परियोजनाएं 16,000 से अधिक लोगों के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार उत्पन्न करेंगी।
  • सरकार ने PMKSY के तहत वित्तीय सहायता के लिए 85 कोल्ड चेन परियोजनाओं पर भी विचार किया है।
  • एकीकृत कोल्ड चेन और मूल्य संवर्धन बुनियादी ढांचे की केंद्रीय क्षेत्र योजना के तहत, भंडारण और परिवहन बुनियादी ढांचे के लिए सामान्य क्षेत्रों को 35% और पूर्वोत्तर राज्यों, हिमालयी राज्यों, आईटीडीपी क्षेत्रों और द्वीप समूह को 50% की दर से अनुदान के रूप में वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है।
  • प्रधानमंत्री किसान सम्पदा योजना एक अम्ब्रेला स्कीम है जिसे खाद्य प्रसंस्करण और उद्योग मंत्रालय द्वारा 2017 में शुरू की गई थी।

शरीर का तापमान और सांस लेने की दर मापने के स्पॉट (Spot) रोबोट विकसित किया

  • शोधकर्त्ताओं ने लोगों के शरीर का तापमान और सांस लेने की दर जैसे महत्त्वपूर्ण संकेतों की पहचान करने वाला एक रोबोट ‘स्पॉट’ (Spot) विकसित किया है जो COVID-19 लक्षणों वाले रोगियों की पहचान कर सकता है।
  • ‘स्पॉट’ नामक इस रोबोट को ‘मैसाच्युसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (Massachusetts Institute of Technology- MIT) के बोस्टन डायनेमिक्स (Boston Dynamics) द्वारा विकसित किया गया है।
  • इसे हाथ से पकड़ने वाले डिवाइस द्वारा नियंत्रित किया जा सकता है, यह एक कुत्ते के समान चार पैरों पर चल सकता है।
  • इस रोबोट में चार कैमरे (एक इंफ्रारेड और तीन मोनोक्रोम) लगे हैं। यह 2 मीटर दूर से लोगों का तापमान, श्वसन दर, नाड़ी दर और रक्त ऑक्सीजन संतृप्ति (Blood Oxygen Saturation) को माप सकता है।
  • इंफ्रारेड कैमरा (Infrared Camera) त्वचा के तापमान एवं श्वसन दर को मापता है।
  • जबकि मोनोक्रोम कैमरा (Monochrome Camera) नाड़ी दर एवं रक्त ऑक्सीजन संतृप्ति (Blood Oxygen Saturation) को मापता है।

आंध्रप्रदेश में दुर्लभ शिलालेख (Rare Inscription in Andhra Pradesh) मिले

  • हाल ही में आंध्रप्रदेश के कुडप्पा (Kadapa) जिले में खुदाई के दौरान रेनाटी चोल युग (Renati Chola Era) के एक दुर्लभ शिलालेख (Rare Inscription) मिले है।
  • यह दुर्लभ शिलालेख डोलोमाइट चट्टान का एक टुकड़ा है। जिस पर तेलुगू भाषा में उत्कीर्ण किया गया है।
  • 25 पंक्तियों में उत्कीर्ण इस शिलालेख को पुरातन तेलुगू भाषा में लिखा गया था, चट्टान के एक तरफ 11 पंक्तियों को तथा 14 पंक्तियों को दूसरी तरफ उत्कीर्ण किया गया था।
  • यह शिलालेख 8वीं शताब्दी के आसपास का बताया जा रहा है जब यह क्षेत्र (कडप्पा ज़िले के आसपास का क्षेत्र ) रेनाडू (Renadu) के चोल महाराजा के अधीन था।
  • शिक्षाविदों के अनुसार, यह शिलालेख सिद्यामायु (Sidyamayu) नामक एक व्यक्ति को उपहार में दी गई छह मार्टटस (Marttus- एक प्रकार की भूमि मापने की इकाई) भूमि के रिकॉर्ड से संबंधित है।
  • सिद्यामायु (Sidyamayu), पिडुकुला गांव में मंदिर की सेवा करने वाले ब्राह्मणों में से एक ब्राह्मण था।
  • 500 से 1100 ईस्वी तक रेनाटी चोल (इन्हें रेनाडू क्षेत्र के तेलुगू चोल भी कहा जाता है) राजवंश ने रेनाडू क्षेत्र (आधुनिक कडप्पा जिले) पर शासन किया।
  • तेलुगू चोल शासक ‘एरिकल मुत्तुराजु धनंजय वर्मा’ (Erikal Mutturaju Dhananjaya Varma) के तेलुगू शिलालेख जिसे एर्रागुडीपाडु सासानाम (Erragudipadu Sasanam) के रूप में जाना जाता है, को वर्तमान कुडप्पा जिले में 575 ईस्वी में उत्कीर्ण किया गया था।
  • यह तेलुगू भाषा में उत्कीर्ण सबसे पहला शिलालेख रिकॉर्ड है।

भिवाड़ी प्रौद्योगिकी केंद्र का उद्घाटन

  • केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने वि‍डियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राजस्थान के अलवर जिले के भिवाड़ी में प्रौद्योगिकी केंद्र का उद्घाटन किया है।
  • इस नए प्रौद्योगिकी केंद्र में सेना और जहाज़ों के साथ-साथ उद्योगों के लिए अत्याधुनिक मशीनें बनाई जाएंगी।
  • साथ ही यहां भारतीय सेना के काम आने वाले टैंक और पानी के जहाज़ों के विभिन्न हिस्से भी बनाए जाएंगे।
  • यहां युवाओं को नवीन तकनीकी शिक्षा दी जाएगी और उन्हें भविष्य में एक कुशल इंजीनियर बनाने का प्रयास किया जाएगा।

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